नेशनल डेस्क, नई दिल्ली. यहां सिग्नेचर ब्रिज के उद्घाटन के दौरान विवाद हो गया। मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक सांसद मनोज तिवारी को उद्घाटन के मौके पर नहीं

नेशनल डेस्क, नई दिल्ली. यहां सिग्नेचर ब्रिज के उद्घाटन के दौरान विवाद हो गया। मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक सांसद मनोज तिवारी को उद्घाटन के मौके पर नहीं बुलाया गया था, फिर भी वो पहुंच गए। आरोप है कि मनोज तिवारी ने यहां आप कार्यकर्ताओं और पुलिस से धक्कामुक्की की। इसके बाद उन्होंने मीडिया से बात करते हुए धमकाने के अंदाज में कहा कि चार दिन के अंदर मैं बताऊंगा कि पुलिस क्या होती है।

मनोज तिवारी ने क्या कहा: उन्होंने कहा कि 'उद्घाटन की पूरी प्रक्रिया होने तक मैं यहां पर खड़ा हूं। मेरी इच्छा स्टेज पर जाने की नहीं है, बल्कि मैं चाहता हूं कि मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल को जाकर बुके दूं और कहूं कि तुमको दूसरे के काम में फीता काटने में कितना मजा आता है। पुलिस के कुछ लोगों ने जो अरविंद केजरीवाल के साथ मिलकर मेरे साथ धक्कामुक्की की है उन लोगों को भी शिनाख्त हो गई है। मैं एक-एक को पहचान चुका हूं, सभी की कुंडली निकाल चुका हूं और चार दिन के अंदर बताऊंगा कि पुलिस क्या होती है।'

धमकाने के अंदाज में मनोज तिवारी :


खुद को वीआईपी मानते हैं मनोज तिवारी: आप
आप नेता दिलीप पांडेय का कहना है कि हजारों लोग यहां बिना आमंत्रण के जश्न मनाने आए थे। लेकिन मनोज तिवारी खुद को वीआईपी मानते हैं। उन्होंने यहां उपद्रव किया। भाजपा कार्यकर्ताओं ने कई आप कार्यकर्ताओं और स्थानीय लोगों के साथ मारपीट की। उन्हें अस्पताल में भर्ती कराया गया।



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