नई दिल्ली. बड़े शहरों में ट्रैफिक जाम एक बड़ी समस्या बन चुका है। ट्रैफिक जाम से समय और पैसों की भारी बर्बादी हो रही है। बॉस्टन कंसल्टिंग ग्रुप (बीसीजी) और

नई दिल्ली. बड़े शहरों में ट्रैफिक जाम एक बड़ी समस्या बन चुका है। ट्रैफिक जाम से समय और पैसों की भारी बर्बादी हो रही है। बॉस्टन कंसल्टिंग ग्रुप (बीसीजी) और कैब संचालक कंपनी उबर की एक रिपोर्ट में कई चौंकाने वाले तथ्य सामने आए हैं। रिपोर्ट के मुताबिक, भारत के चार प्रमुख शहर पूरे एशिया के शहरों से 149 फीसदी ज्यादा भीड़भाड़ वाले हैं। पीक ट्रैफिक आवर्स के दौरान इन चार शहरों में सालाना 1.43 लाख करोड़ रुपए का नुकसान हो रहा है।   सबसे ज्यादा ट्रैफिक दबाव वाले शहर   यह रिपोर्ट दिल्ली, मुंबई, बैंग्लुरू और कोलकाता में किए गए सर्वे पर आधारित है। उबर के ग्लोबल सीओओ बर्ने हार्फोर्ड, बीसीजी के ग्लोबल सेक्टर हेड (इंफ्रास्ट्रक्चर एंड ट्रांसपोर्ट), सुरेश सुबुधि और उबर के सीनियर डायरेक्टर (पब्लिक पॉलिसी एंड गर्वनमेंट रिलेशन) की मौजूदगी में ये रिपोर्ट जारी की गई।    राइडशेयरिंग से हो सकता है समाधान    रोजाना के सफर में दिल्ली, मुंबई, बैंगलुरू और कोलकाता में सामान्य से डेढ़ गुना ज्यादा वक्त लग रहा है। रिपोर्ट में यह भी कहा गया है कि ट्रैफिक संकट से निपटने का...

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